दिल्ली MCD उपचुनाव परिणाम 2025: 12 वार्डों में बीजेपी ने मारी बाजी, जानें किसको कितनी सीटें मिली
दिल्ली नगर निगम (MCD) के 12 वार्डों में हुए उपचुनाव के नतीजे घोषित हो चुके हैं। ये उप-चुनाव दिल्ली की जनता के राजनीतिक मूड का पहला बड़ा टेस्ट थे, जो विधानसभा चुनाव के बाद हुए थे। इन नतीजों ने एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी (BJP) को बढ़त दिलाते हुए दिल्ली की राजनीति में हलचल मचा दी है।
MCD उपचुनाव का फाइनल स्कोरकार्ड: कौन किंग, कौन चुनौती
30 नवंबर को हुए मतदान के बाद 3 दिसंबर को हुई मतगणना में 12 वार्डों के लिए 51 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला हुआ। फाइनल टैली में BJP ने सबसे बड़ी जीत हासिल करते हुए 7 सीटें जीतीं, जबकि आम आदमी पार्टी (AAP) 3 सीटों पर सिमट गई। सबसे बड़ा उलटफेर कांग्रेस (Congress) ने किया, जिसने 1 सीट पर जीत दर्ज करते हुए अपना खाता खोला। इसके अलावा, एक सीट ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक के खाते में गई।
| पार्टी | जीती हुई सीटें |
| भारतीय जनता पार्टी (BJP) | 7 |
| आम आदमी पार्टी (AAP) | 3 |
| कांग्रेस (Congress) | 1 |
| ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक | 1 |
| कुल सीटें | 12 |
वार्ड-वार विजेताओं की पूरी सूची (MCD By-Election Winner List)
| क्रम संख्या | वार्ड का नाम | विजेता | पार्टी |
| 1 | ग्रेटर कैलाश | अंजुम मंडल | BJP |
| 2 | शालीमार बाग बी | अनीता जैन | BJP |
| 3 | अशोक विहार | वीना असीजा | BJP |
| 4 | चांदनी चौक | सुमन कुमार गुप्ता | BJP |
| 5 | चांदनी महल | मोहम्मद इमरान | ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक |
| 6 | द्वारका बी | मनीषा देवी | BJP |
| 7 | दिचाऊं कलां | रेखा रानी | BJP |
| 8 | नारायणा | राजन अरोड़ा | AAP |
| 9 | संगम विहार ए | सुरेश चौधरी | कांग्रेस |
| 10 | दक्षिण पुरी | राम स्वरूप कनौजिया | AAP |
| 11 | मुंडका | अनिल | AAP |
| 12 | विनोद नगर | सरला चौधरी | BJP |
सबसे बड़े उलटफेर और महत्वपूर्ण जीत
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कांग्रेस की वापसी: कांग्रेस ने संगम विहार ए वार्ड में जीत दर्ज कर न सिर्फ अपना खाता खोला, बल्कि दिल्ली में पार्टी कार्यकर्ताओं को एक नई ऊर्जा भी दी है। यह जीत आप और भाजपा दोनों के लिए एक चेतावनी है।
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बीजेपी की ताकत: दिल्ली विधानसभा चुनाव में मिली बड़ी जीत के बाद, MCD उपचुनाव में 7 सीटें जीतना BJP के लिए यह दर्शाता है कि उसका जनाधार निचले स्तर पर भी मजबूत बना हुआ है।
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AAP के लिए सबक: मुंडका और दक्षिण पुरी जैसे वार्डों को जीतने के बावजूद, AAP अपने कुछ गढ़ों को बचा नहीं पाई। पार्टी को अपनी रणनीति पर फिर से विचार करना होगा।
MCD के राजनीतिक समीकरण पर असर
इन नतीजों से यह साफ हो गया है कि दिल्ली में MCD स्तर पर मुकाबला अब त्रिकोणीय हो चुका है। कांग्रेस की वापसी से अब AAP और BJP दोनों को ही अपने वोट बैंक को मजबूत करने के लिए दोगुनी मेहनत करनी पड़ेगी। इन 12 सीटों के नतीजे यह संकेत देते हैं कि दिल्ली के मतदाता नागरिक मुद्दों और स्थानीय समस्याओं को लेकर अब काफी मुखर हैं।

















