वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज संसद में अंतरिम बजट पेश कर रही हैं। यह बजट मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का अंतिम बजट है। इस दौरान उन्होंने कहा कि 10 वर्ष में अर्थव्यवस्था में काफी विकास हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में इसने तरक्की की है। जब वे प्रधानमंत्री बने, तब कई चुनौतियां मौजूद थीं। सबका साथ, सबका विकास के मंत्र के साथ सरकार ने इन चुनौतियों का सामना किया। जन कल्याणकारी योजनाएं और विकास के बूते हम लोगों तक पहुंचे।
इस बार बजट में कुछ भी सस्ता या महंगा नहीं हुआ है। ऐसा क्यों? ऐसा इसलिए क्योंकि 2017 में लागू किए गए GST के बाद से बजट में केवल कस्टम ड्यूटी, एक्साइज ड्यूटी को बढ़ाया या घटाया जाता है, जिसका असर गिनी-चुनी चीजों पर पड़ता है। तो इस बार सरकार ने कस्टम ड्यूटी या एक्साइज ड्यूटी में कोई भी बदलाव नहीं किया है। ऐसे में यहां हम बीते एक साल में आम जरूरत की चीजों के दाम कितने बढ़े या घटे उसके बारे में बता रहे हैं।
सरकार ने अंतरिम बजट में आम आदमी को इनकम टैक्स में कोई राहत नहीं दी है। पुरानी टैक्स रिजीम चुनने पर अभी भी आपकी 2.5 लाख रुपए तक की इनकम ही टैक्स फ्री रहेगी। हालांकि इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 87A के तहत आप 5 लाख तक की इनकम पर टैक्स बचा सकते हैं।
वहीं नई टैक्स रिजीम चुनने पर पहले की तरह ही 3 लाख रुपए तक की इनकम पर टैक्स नहीं देना होगा। इसमें भी इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 87A के तहत सैलरीड पर्सन 7.5 लाख रुपए तक की इनकम पर और अन्य लोग 7 लाख तक की इनकम पर टैक्स छूट पा सकते हैं।
रेलवे के 40 हजार डिब्बे वंदे भारत के स्तर बनेंगे। ताजा अंतरिम बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इसकी घोषणा की। इसके अलावा इन्फ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी एक बड़ी घोषणा की गई। माल ढोने के लिए बनाए जा रहे रेलवे कॉरिडोर के अलावा तीन और रेलवे कॉरिडोर बनाए जाएंगे।
सरकारी योजनाओं को लेकर बहुत बड़ी घोषणा अंतरिम बजट में नहीं की गई। वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अब तक 3 करोड़ घर बनाए जा चुके हैं। इस बार 2 करोड़ नए घर बनाने का लक्ष्य रखा गया है।















